उत्तराखंड की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य और उनके पति के विवाद पर पूर्व सीएम हरीश रावत ने फेसबुक पोस्ट के जरिए तीखे सवाल उठाए हैं और 2014 में रेखा आर्य को सोमेश्वर से कांग्रेस का टिकट दिलाने की बात स्वीकार की है।
हल्द्वानी। उत्तराखंड की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्य और उनके पति गिरधारी लाल साहू के बीच चल रहे आरोप-प्रत्यारोप का मामला अब राज्य की राजनीति में तूल पकड़ता जा रहा है। इस हाई-प्रोफाइल प्रकरण को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के दिग्गज नेता हरीश रावत (हरदा) ने सोशल मीडिया पर एक लंबी पोस्ट साझा कर तीखे सवाल खड़े किए हैं। हरदा ने रेखा आर्य की सुरक्षा, उनके पति की गिरफ्तारी, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की भूमिका और उनकी संपत्तियों की जांच की मांग उठाई है।
## 2014 के टिकट और राजनीतिक सफर का जिक्र
हरदा ने अपने बयान में स्वीकार किया है कि वर्ष 2014 में सोमेश्वर विधानसभा सीट से कांग्रेस पार्टी का टिकट दिलाने की संस्तुति उन्होंने ही की थी। उन्होंने रेखा आर्य के राजनीतिक सफर का जिक्र करते हुए कहा कि तब से लेकर अब तक के घटनाक्रम और वर्तमान हालातों को देखते हुए कई गंभीर सवाल खड़े होते हैं।
और टेक्स्ट…
हरीश रावत ने कहा कि रेखा आर्य और उनके पति द्वारा सार्वजनिक रूप से सामने लाए गए वीडियो और आरोपों से पूरे उत्तराखंड में चिंता का माहौल है। रेखा आर्य ने अपने पति पर गंभीर आरोप लगाते हुए अपनी जान को खतरा बताया है, जिस पर पुलिस और प्रशासन को बिना किसी देरी के सख्त और निष्पक्ष कानूनी कदम उठाने चाहिए।
## मुख्यमंत्री से जवाब तलब और जांच की मांग
कांग्रेस नेता हरीश रावत ने राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से इस पूरे मामले पर कड़ा रुख अपनाने और जनता को जवाब देने की मांग की है। उन्होंने कहा कि मंत्री स्तर की इस उठापटक और लगाए जा रहे गंभीर आरोपों के बीच पुलिस को एफआईआर के आधार पर त्वरित कार्रवाई करनी चाहिए ताकि सच्चाई सामने आ सके।