Report by : CWN Desk
Published at :
प्रमुख वन संरक्षक को 23 मार्च को न्यायालय में तलब

शवों के अंतिम संस्कार करने को लेकर दायर जनहित याचिका पर हाइकोर्ट ने 3 सप्ताह में मांगा जवाब
(कमल जगाती)
नैनीताल।
उत्तराखंड उच्च न्यायालय में बीते वर्ष रैणी क्षेत्र की धौली गंगा में आई आपदा के बाद लापता शवों को खोजने और उनका अंतिम संस्कार करने को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए राज्य और केंद्र सरकार को नोटिस जारी कर 3 सप्ताह में जवाब दाखिल करने को कहा है। मुख्य न्यायाधीश की खंडपीठ ने मामले में 3 सप्ताह बाद कि तिथि तय की है।
     आपको बता दें कि दिल्ली निवासी आचार्य अजय गौतम ने उच्च न्यायालय में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि बीते वर्ष रैणी गांव के धौली गंगा में आई आपदा के बाद कई लोग लापता हो गए थे। इसमें 206 लोगों के मारे जाने की पुष्टि हुई थी। याचिकाकर्ता का कहना है कि आपदा में दबे शवों को राज्य सरकार ने खोजा ही नहीं। याची ने न्यायालय को बताया कि अभी भी उस क्षेत्र में लगभग 122 लोग लापता हैं। जिसमे देश के ही नही बल्कि पड़ोसी देश के लोग भी शामिल हैं। कहा कि लापता लोगों के शवों को खोजना और रीति रिवाज के साथ उनका अंतिम संस्कार करना राज्य सरकार की जिम्मेदारी है।

Follow CWN TODAY on WhatsAppJoin ›