Report by : CWN Desk
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होली की खुशियां मातम में बदली, देहरादून की घटना, आत्महत्या की आशंका

देहरादून। होली की खुशियां देहरादून के एक परिवार के लिए दुखों में बदल गई। मां और दो बच्चों के शव कमरे में पड़े मिले। हालांकि,।कमरा बंद होने से पुलिस इसे आत्महत्या का मामला मान रही है। पुलिस को घटना स्थल से कोई सुसाइड नोट तो नहीं मिला है। घटना स्थल से एक खाली शीशी भी मिली है। जिसे जहर की शीशी बताया जा रहा है। मृतकों की पहचान सरोजा और उसके दोनों बेटों 12 वर्षीय अंश पाल और 8 वर्षीय शिवपाल के रूप में हुई है। बताया गया है कि सरोज पाल बीए पास थी और हरबर्टपुर रोड स्थित एक स्कूल में शिक्षिका थी। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक किचन में गैस के चूल्हे के ऊपर दाल और चावल पके हुए रखे थे। खाने के झूठे बर्तन भी थे और कमरे में जगह-जगह उल्टियां की हुई थीं।
देहरादून जिले के सहसपुर क्षेत्र के जस्सोवाला गांव निवासी इंद्रपाल सेलाकुई स्थित कंपनी में काम करता था। बीते रोज जब वह अपनी कंपनी से ड्यूटी करके घर वापस पहुंचा तो दरवाजे के ताले की कुंडी तोड़ने पर उसकी पत्नी सरोजा, दोनों बेटों 12 वर्षीय अंश पाल और 8 वर्षीय शिवपाल के साथ बेसुध अवस्था में पड़ी थी। जिस पर उसने तीनों को सीएचसी सहसपुर में भर्ती कराया। जहां डॉक्टरों ने सभी को मृत घोषित कर दिया। इस घटना से इन्द्रपाल पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और उसके आंखों से अश्रुओं की धारा थमने का नाम नहीं ले रही है। उधर दूसरी ओर पुलिस विभाग की टीम मामले की तहकीकात में जुट गई है। पुलिस ने मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के बाद इंद्रपाल को सौंप दिया है। पुलिस ने फारेंसिक टीम बुलाकर कमरे से सैंपल भी एकत्रित किए हैं। इस खबर से पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा हुआ है।

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