हल्द्वानी के बुद्ध पार्क में पहाड़ी आर्मी ने अंकिता भंडारी प्रकरण को लेकर प्रदर्शन किया। संगठन ने निष्पक्ष जांच और वीआईपी भूमिका की मांग उठाई।
हल्द्वानी। उत्तराखंड के हल्द्वानी में अंकिता भंडारी प्रकरण को लेकर विरोध प्रदर्शनों का दौर फिर से तेज हो गया है। पहाड़ी आर्मी उत्तराखंड के बैनर तले कार्यकर्ताओं ने बुद्ध पार्क में जोरदार विरोध प्रदर्शन करते हुए पुतला दहन किया। संगठन ने इस बहुचर्चित मामले में कथित वीआईपी की भूमिका को लेकर उठ रहे गंभीर सवालों पर निष्पक्ष जांच की मांग प्रमुखता से उठाई है।
प्रदर्शन के दौरान पहाड़ी आर्मी के संस्थापक अध्यक्ष हरीश रावत ने कहा कि इस मामले में कथित वीआईपी की पहचान और भूमिका से जुड़े सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच होनी बेहद जरूरी है। उन्होंने इस बात पर भी आपत्ति जताई और राष्ट्रपति से मांग की कि जब तक इस प्रकरण की पूरी जांच स्पष्ट नहीं हो जाती, तब तक निष्पक्षता बनाए रखने के लिए उचित कदम उठाए जाने चाहिए। संगठन का मुख्य उद्देश्य अंकिता भंडारी को न्याय दिलाना और सच्चाई को सामने लाना है।
संगठन के जिला अध्यक्ष राजेंद्र कांडपाल ने भी प्रदर्शन के दौरान तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि अंकिता भंडारी के माता-पिता के साथ दिल्ली में हुए कथित दुर्व्यवहार की घटना बेहद निंदनीय है, जिसकी पहाड़ी आर्मी कड़ी निंदा करती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक पीड़ित परिवार को पूर्ण न्याय नहीं मिल जाता, तब तक संगठन शांतिपूर्ण तरीके से अपनी आवाज बुलंद करता रहेगा।
इस विरोध प्रदर्शन और सभा में जिला अध्यक्ष राजेंद्र कांडपाल, नगर अध्यक्ष महिला कविता जीना, जिला अध्यक्ष महिला प्रेमा मेर और युवा जिला अध्यक्ष देवेंद्र सयालाकोटी सहित कई पदाधिकारी मौजूद रहे। इनके अलावा गीता बिष्ट, हरेंद्र राणा, प्रदीप रौतेला, अंजू पांडे, नीम भट्ट, भुवन पांडेय और आनंद सिंह कन्याल समेत तमाम कार्यकर्ता उपस्थित थे।
