हरिद्वार को सुंदर और अतिक्रमण मुक्त बनाने के लिए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देश पर भगत सिंह चौक से शंकराचार्य चौक तक अनुपयोगी विद्युत पोल और केबल हटाए गए।
हरिद्वार। शहर को सुंदर, सुव्यवस्थित और अतिक्रमण मुक्त बनाने की दिशा में जिला प्रशासन ने एक बड़ी पहल की है। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के सख्त निर्देशों के बाद विद्युत विभाग की टीम ने सड़कों पर यातायात में बाधा बन रहे अनुपयोगी विद्युत पोलों को हटाने का अभियान शुरू कर दिया है। इस कार्रवाई से शहर की सड़कों पर आवागमन सुगम और सुरक्षित बनने की उम्मीद है।
इसी अभियान के तहत विद्युत विभाग की टीम ने भगत सिंह चौक से लेकर शंकराचार्य चौक तक सड़क किनारे लगे लगभग 15 अनुपयोगी विद्युत पोलों को सफलतापूर्वक हटा दिया है। पोलों को हटाने के साथ-साथ विभिन्न निजी कंपनियों और केबल ऑपरेटरों द्वारा फैलाए गए उलझे हुए केबल और तारों को भी समेटा जा रहा है। इससे सड़क किनारे दिखने वाली अव्यवस्था दूर हो रही है।
विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता दीपक सैनी ने बताया कि जिलाधिकारी के आदेशानुसार शहर के उन सभी स्थानों को चिह्नित किया जा रहा है जहां बेकार पोल यातायात को प्रभावित कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि यातायात को बाधामुक्त बनाना और नागरिकों को बेहतर सुविधा प्रदान करना इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य है। जल्द ही अन्य प्रमुख मार्गों पर भी यह कार्रवाई देखने को मिलेगी।
स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों ने जिला प्रशासन की इस समयबद्ध कार्रवाई का स्वागत किया है। लोगों का मानना है कि अनावश्यक पोल और झूलते तारों के हटने से न केवल हादसों का खतरा कम होगा, बल्कि शहर की सुंदरता में भी निखार आएगा। जिला प्रशासन का यह प्रयास हरिद्वार की यातायात व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित बनाने में मील का पत्थर साबित होगा।