हल्द्वानी स्थित सपा कार्यालय में सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में मनाई गई। प्रदेश अध्यक्ष अब्दुल मतीन सिद्दीकी ने दी श्रद्धांजलि।
हल्द्वानी। लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती के अवसर पर शनिवार को हल्द्वानी में समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रीय एकता दिवस श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया। आजाद नगर स्थित सपा प्रदेश अध्यक्ष अब्दुल मतीन सिद्दीकी के कार्यालय पर भारी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता एकत्रित हुए। कार्यक्रम की शुरुआत में प्रदेश अध्यक्ष अब्दुल मतीन सिद्दीकी और उनके समर्थकों ने सरदार पटेल के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी।
श्रद्धांजलि अर्पित करने के उपरांत एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष अब्दुल मतीन सिद्दीकी ने कहा कि सरदार पटेल का जीवन सदैव संघर्ष और प्रेरणा का स्रोत रहा है। स्वतंत्रता के बाद उन्होंने अपनी अद्भुत कूटनीति और दृढ़ इच्छाशक्ति से 562 देशी रियासतों का भारत में विलय कराया, जिसके कारण उन्हें भारत की एकता का शिल्पकार कहा जाता है। 1928 में बारडोली सत्याग्रह के सफल नेतृत्व के बाद ही उन्हें ‘सरदार’ की उपाधि मिली थी।
श्री सिद्दीकी ने कहा कि सरदार पटेल के उच्च विचारों, कठोर निर्णय लेने की क्षमता और अद्भुत नेतृत्व से सीख लेते हुए देश में आपसी सौहार्द, भाईचारा, एकता और अखंडता को बनाए रखना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। उन्होंने कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि वे सरदार पटेल के बताए रास्ते पर चलकर समाज में सौहार्द और एकजुटता का संदेश फैलाएं।
इस विचार गोष्ठी और श्रद्धांजलि सभा में सोमपाल मौर्या, जावेद सिद्दीकी, अरशद अय्यूब, पूर्व पार्षद महबूब आलम, इस्लाम मिकरानी, नईम सलमानी, संजय कुमार, अशरफ खान और उमैर मतीन सहित सैकड़ों सपा कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी कार्यकर्ताओं ने सरदार पटेल के आदर्शों और सिद्धांतों को अपने जीवन में आत्मसात करने का संकल्प लिया।