देहरादून में 50 से 80 वर्ष के वरिष्ठजनों के लिए पहली बार जीवनसाथी सम्मेलन होने जा रहा है। जानिए विवाह के लिए तय तीन जरूरी शर्तें और पंजीकरण प्रक्रिया
देहरादून। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में पहली बार वरिष्ठ नागरिकों के लिए एक अनूठा ‘जीवनसाथी परिचय सम्मेलन’ आयोजित किया जा रहा है। इस खास आयोजन के जरिए 50 से 80 वर्ष की उम्र के बुजुर्गों को अपना अकेलापन दूर करने और नया जीवनसाथी चुनने का मौका मिलेगा। यह सम्मेलन 25 अक्तूबर को गांधी रोड स्थित अग्रवाल भवन में सुबह आयोजित किया जाएगा। अहमदाबाद की संस्था अनुबंध फाउंडेशन, स्थानीय सहयोगी अंबरीश कुमार अग्रवाल के साथ मिलकर इस कार्यक्रम की मेजबानी कर रही है।
इस सम्मेलन में भाग लेने और दोबारा शादी का विचार करने वाले बुजुर्गों को तीन मुख्य शर्तें पूरी करनी होंगी। सबसे पहले, उम्मीदवार की आयु 50 से 80 वर्ष के बीच होनी अनिवार्य है। दूसरा, आवेदक को अपना एक पासपोर्ट साइज फोटो और आधार कार्ड की छायाप्रति जमा करनी होगी। तीसरी शर्त के अनुसार, पति या पत्नी का मृत्यु प्रमाण पत्र अथवा तलाक से संबंधित कानूनी दस्तावेज प्रस्तुत करना जरूरी होगा। ये सभी कागजात मौके पर ही पंजीकरण के समय जमा किए जा सकेंगे।
अनुबंध फाउंडेशन के अध्यक्ष एनजी पटेल ने बताया कि उनकी संस्था बुजुर्गों के सामाजिक पुनर्वास के लिए लगातार काम कर रही है। संस्था अब तक देश के विभिन्न राज्यों में 100 से अधिक परिचय सम्मेलन सफलतापूर्वक आयोजित कर चुकी है। इन आयोजनों के माध्यम से अब तक 227 वरिष्ठ नागरिकों की शादियां कराई जा चुकी हैं। संस्था की इस सराहनीय पहल को अभिनेता आमिर खान के बहुचर्चित टीवी शो ‘सत्यमेव जयते’ में भी राष्ट्रीय स्तर पर सराहा जा चुका है।
इसके अतिरिक्त, अनुबंध फाउंडेशन का नाम ‘इंडिया बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स’ में भी दर्ज हो चुका है। आयोजन समिति ने बताया कि इच्छुक व्यक्ति मौके पर पहुंचकर भी अपना पंजीकरण करवा सकते हैं। कार्यक्रम से जुड़ी किसी भी प्रकार की जानकारी या सवाल के लिए हेल्पलाइन नंबर 8320372264, 9212181291 और 9426425844 जारी किए गए हैं। आयोजकों को उम्मीद है कि इस पहल से कई बुजुर्गों के जीवन में फिर से खुशियां लौटेंगी।
