अल्मोड़ा/बागेश्वर/चंपावत/पिथौरागढ़
जागेश्वर विधानसभा के नैनी-नैलपड गांव में सड़क निर्माण का रास्ता साफ, ग्रामीणों ने भूमि देने पर सहमति दी
नैलपड गांव में 1.5 किमी से आगे सड़क निर्माण सर्वे के लिए ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से अनापत्ति प्रमाण पत्र जारी कर अपनी भूमि देने की सहमति दी।
अल्मोड़ा। जिले के जागेश्वर विधानसभा अंतर्गत नैनी क्षेत्र की ग्रामसभा नैलपड में लंबे समय से लंबित सड़क के निर्माण का रास्ता अब साफ हो गया है। 24 सितंबर 2026 को नैलपड गांव में आयोजित ग्रामीणों की एक अहम बैठक में सर्वसम्मति से आपसी समझौता हुआ।

बैठक में ग्रामीणों ने स्वेच्छा से अपनी नाप भूमि सड़क निर्माण हेतु देने का निर्णय लिया और अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) जारी किया। उल्लेखनीय है कि नैनी-नैलपड रोड बयापाट तक 1.5 किलोमीटर का निर्माण के लिए सर्वे होने के बाद रुक गई थी। इस कारण आगे के क्षेत्रों में आवागमन की भविष्य में समस्या बनी हुई थी। ग्रामीणों के बीच बने नए समझौते के अनुसार, अब यह सड़क दलीप सिंह, पान सिंह, जगत सिंह, खीम सिंह, मोहन सिंह और भगवान सिंह के खेतों से होते हुए पाराटान, मोहन सिंह के घर के पीछे से तालटान और लमधार से आगे की ओर बढ़ाई जाएगी।
बैठक में उपस्थित सभी ग्रामीणों ने एक स्वर में कहा कि मार्ग के विस्तार में आने वाली अपनी-अपनी नाप भूमि को वे बिना किसी आपत्ति के देने के लिए पूरी तरह से सहमत हैं। ग्रामीणों द्वारा हस्ताक्षरित अनापत्ति पत्र में मोध सिंह, दलीप सिंह, भगवान सिंह, मोहन सिंह, महिपाल सिंह, जगत सिंह, राम सिंह, रविन्द्र सिंह, कृष्ण सिंह, जीत सिंह, किशनी देवी, भगवती देवी, संतोशी देवी और दीपा बिष्ट सहित कई ग्रामीणों की सहमति शामिल है।
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क का निर्माण होने से नैलपड और आसपास के दूरस्थ इलाकों की कनेक्टिविटी में सुधार होगा। वर्षों से लंबित पड़ी इस सड़क परियोजना को गति मिलने से स्थानीय लोगों, स्कूली बच्चों और बुजुर्गों को आवाजाही में बड़ी राहत मिलेगी। स्थानीय निवासियों को उम्मीद है कि अब शासन-प्रशासन जल्द ही सड़क निर्माण कार्य को स्वीकृति प्रदान कर धरातल पर काम शुरू कराएगा।
