हल्द्वानी के राजकीय मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस एडमिशन के दौरान बड़ा खुलासा। छह छात्रों के दस्तावेज फर्जी पाए गए, प्राचार्य ने की पुष्टि
हल्द्वानी। राजकीय मेडिकल कॉलेज में डॉक्टर बनने की राह में फर्जी प्रमाण पत्रों का सहारा लेने का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिससे कॉलेज परिसर और शिक्षा जगत में हड़कंप मच गया है। एमबीबीएस प्रवेश प्रक्रिया के दौरान जांच में छह छात्रों के शैक्षणिक व अन्य प्रमाण पत्र पूरी तरह फर्जी पाए गए हैं। कॉलेज प्रशासन ने दस्तावेजों की पुष्टि होने के बाद इन सभी मामलों में कड़ी कार्रवाई की है। इस पूरे प्रकरण में सबसे चौंकाने वाली बात यह सामने आई है कि इनमें से एक छात्र ने दाखिला लिया ही नहीं था।
राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अजय आर्य के अनुसार, शैक्षणिक सत्र 2026-27 में एमबीबीएस प्रथम वर्ष के प्रवेश से जुड़े ये मामले पिछले करीब पंद्रह दिनों के भीतर सामने आए हैं। नियमानुसार इन सभी छात्रों के प्रमाण पत्रों को सत्यापन के लिए संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों के पास भेजा गया था। वहां से जब दस्तावेजों के फर्जी होने की आधिकारिक पुष्टि मिली, तो कॉलेज प्रशासन ने बिना किसी देरी के नियमानुसार सख्त कार्रवाई अमल में लाई।
प्राचार्य ने जानकारी दी कि कुल छह मामलों में से एक छात्र ने कॉलेज में एडमिशन नहीं लिया था, जबकि बाकी के अन्य मामले सीधे दाखिले से जुड़े हुए थे। इस बड़े खुलासे के बाद अब प्रवेश प्रक्रिया के दौरान जमा किए जाने वाले दस्तावेजों की सत्यता और वर्तमान सत्यापन व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े होने लगे हैं। हालांकि, कॉलेज प्रशासन का स्पष्ट कहना है कि प्रमाण पत्रों की स्थिति और सत्यता स्पष्ट होने के बाद नियमों के तहत तुरंत कार्रवाई की जाती है।