Report by : CWN Desk
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उत्तराखंड में बड़ा साइबर हमला: 90 से अधिक सरकारी वेबसाइटें ठप, जनजीवन अस्त-व्यस्त

देहरादून: उत्तराखंड में सूचना प्रौद्योगिकी विकास एजेंसी (आईटीडीए) पर हुए साइबर हमले के कारण राज्य का पूरा आईटी सिस्टम पिछले 50 घंटों से ठप पड़ा है। इस हमले के कारण राज्य की सभी 90 सरकारी वेबसाइटें और मोबाइल एप बंद पड़े हैं।
केंद्रीय एजेंसियों की मदद:
आईटीडीए के साथ ही राज्य और केंद्र सरकार की विशेषज्ञ टीमें इस समस्या का समाधान खोजने में जुटी हुई हैं। आईटीडीए की निदेशक नितिका खंडेलवाल ने बताया कि राज्य के अलावा केंद्रीय एजेंसियां भी इस साइबर हमले की जांच कर रही हैं और यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि यह हमला कहां से हुआ है।
डाटा सुरक्षित:
खंडेलवाल ने आश्वासन दिया कि अभी तक राज्य का कोई भी डेटा लीक नहीं हुआ है और सभी डेटा सुरक्षित है। उन्होंने बताया कि किसी भी तरह की अनहोनी से बचने के लिए शुक्रवार को सभी सरकारी सेवाएं बंद रखी गई थीं।
सरकारी सेवाएं प्रभावित:
साइबर हमले के कारण राज्य की सभी सरकारी सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हुई हैं। सचिवालय समेत किसी भी सरकारी दफ्तर में ई-ऑफिस का काम नहीं हो पा रहा है। पुलिस की सीसीटीएनएस सेवा बंद होने के कारण ऑनलाइन एफआईआर दर्ज करने जैसी सेवाएं भी ठप पड़ी हुई हैं। नगर निगमों में जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र जैसी सेवाएं भी प्रभावित हुई हैं। सीएम हेल्पलाइन बंद होने से लोगों की शिकायतें दर्ज नहीं हो पा रही हैं और राज्य लोक सेवा आयोग की वेबसाइट बंद होने से भर्तियों की प्रक्रिया भी ठप पड़ी हुई है। आयुष्मान योजना से जुड़े मरीजों को भी इलाज के लिए पूर्वानुमति लेने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
केंद्रीय एजेंसियों की जांच:
केंद्रीय एजेंसियां इस साइबर हमले के पीछे के लोगों की पहचान करने में जुटी हुई हैं। आईटीडीए निदेशक ने बताया कि प्रोटोकॉल के अनुसार केंद्रीय एजेंसियों को इस घटना की सूचना दे दी गई है।
शनिवार को ट्रायल रन:
आईटीडीए शनिवार को सभी वेबसाइटों का ट्रायल रन शुरू करने जा रहा है। इसका मतलब है कि वेबसाइटों को धीरे-धीरे चालू किया जाएगा और उनकी कार्यक्षमता की जांच की जाएगी।
जनता पर असर:
इस साइबर हमले के कारण आम जनता को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई सरकारी सेवाएं ठप होने के कारण लोगों को अपने कामकाज में काफी दिक्कत हो रही है।

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