Report by : CWN Desk
Published at :
हल्द्वानी: काठगोदाम स्टेशन पर अचेत मिले BSF जवान की मौत, जहरखुरानी गिरोह ने लूटा सामान

देहरादून के एफआरआई परिसर में एफएसआई के सीनियर टेक्निकल एसोसिएट और नेशविला रोड पर एक 22 वर्षीय युवती ने फांसी लगाकर अपनी जान दे दी। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।

देहरादून: उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में आत्महत्या के दो अलग-अलग सनसनीखेज मामले सामने आए हैं। पहले मामले में भारतीय वन सर्वेक्षण (FSI) के एक युवा अधिकारी ने वन अनुसंधान संस्थान (FRI) परिसर के जंगल में कथित तौर पर फांसी लगाकर खुदकुशी कर ली। मंगलवार को अधिकारी का शव जंगल में एक पेड़ से लटका हुआ मिला। इस घटना की सूचना मिलते ही कैंट कोतवाली पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुँची और शव को पेड़ से नीचे उतारा।
कैंट कोतवाली के वरिष्ठ उप निरीक्षक रविंद्र सिंह नेगी ने बताया कि मृतक की शिनाख्त 36 वर्षीय संतोष दास के रूप में हुई है। वह वर्तमान में ओएनजीसी चौक स्थित एफएसआई कार्यालय में सीनियर टेक्निकल एसोसिएट के पद पर तैनात थे। पुलिस को तलाशी के दौरान मृतक के पास से एक सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है। इस पत्र में उन्होंने अपनी मौत के लिए किसी को भी जिम्मेदार नहीं ठहराया है और अपना शव पत्नी तक पहुँचाने की इच्छा जताई है। संतोष मूल रूप से पश्चिम बंगाल के बीरभूम के रहने वाले थे।
वहीं दूसरी दुखद घटना शहर के कोतवाली नगर क्षेत्र की है। यहाँ नेशविला रोड स्थित बकरालवाला इलाके में एक 22 वर्षीय युवती ने संदिग्ध परिस्थितियों में फांसी लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। पुलिस के अनुसार, सोमवार देर रात उन्हें घटना की जानकारी मिली थी। जब नगर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुँची, तो युवती का शव कमरे के भीतर पंखे के सहारे चुन्नी से लटका हुआ मिला। मृतका की पहचान जैस्मिन कपूर पुत्री शशि कपूर के रूप में हुई है।
नगर कोतवाली के वरिष्ठ उप निरीक्षक विकास रावत ने बताया कि पुलिस ने दोनों ही मामलों में शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। युवती के आत्मघाती कदम उठाने के पीछे के वास्तविक कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। पुलिस दोनों ही मामलों में परिजनों और आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है। इन दो दर्दनाक घटनाओं के बाद से संबंधित क्षेत्रों में शोक और सन्नाटा पसरा हुआ है।

Follow CWN TODAY on WhatsAppJoin ›