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कर्णप्रयाग विवाद: तलवारबाजी मामले में गिरफ्तार 4 निहंग सिखों को मिली कोर्ट से जमानत
उत्तराखंड के कर्णप्रयाग में स्थानीय लोगों से विवाद और हमले के मामले में गिरफ्तार चार निहंग सिखों को चमोली जिला न्यायालय ने जमानत दे दी है। जानिए पूरी रिपोर्ट।
चमोली। जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। कर्णप्रयाग में स्थानीय लोगों के साथ हुए विवाद और तलवारबाजी के मामले में गिरफ्तार चार निहंग सिखों को अदालत ने जमानत दे दी है। चमोली गोपेश्वर के जिला एवं सत्र न्यायालय ने शनिवार को इस मामले पर सुनवाई करते हुए यह बड़ा फैसला सुनाया। इस फैसले के बाद पिछले कई दिनों से क्षेत्र में बना तनाव अब काफी हद तक कम होने की उम्मीद जताई जा रही है।
न्यायाधीश विंध्याचल सिंह ने मामले की गंभीरता और दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद चारों आरोपियों की रिहाई के आदेश जारी किए। कोर्ट ने मोहाली (पंजाब) के निवासी सतविंदर सिंह, अजय सिंह, जसनप्रीत सिंह और मनप्रीत सिंह को कर्णप्रयाग कोर्ट में 50-50 हजार रुपये के निजी मुचलके जमा करने को कहा है। इसके साथ ही इतनी ही धनराशि के दो-दो जमानती पेश करने की शर्त भी रखी गई है।
सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष के वकील ने अदालत में दलील दी कि सभी आरोपी धार्मिक यात्रा पर उत्तराखंड आए थे। उनके साथ भी स्थानीय लोगों ने मारपीट की थी, जिसमें एक निहंग सिख गंभीर रूप से घायल हुआ था। आरोपियों का कोई पुराना आपराधिक इतिहास नहीं है। अदालत ने भी माना कि यह घटना किसी पुरानी दुश्मनी का नतीजा नहीं थी, बल्कि सड़क पर अचानक हुए विवाद के कारण उपजी थी।
आपको बता दें कि गत 16 जून को कर्णप्रयाग बाजार में वाहन पार्किंग को लेकर स्थानीय लोगों और निहंग सिखों के बीच झड़प हो गई थी। इसके बाद पुलिस ने स्थानीय निवासी की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर चारों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया था। इस गिरफ्तारी के विरोध में कई सिख संगठनों ने रुद्रप्रयाग और देहरादून बॉर्डर पर विरोध प्रदर्शन भी किया था, जिसके बाद प्रशासन लगातार बातचीत से रास्ता निकालने की कोशिश में जुटा था।
