कोटद्वार
योगी आदित्यनाथ के पैतृक गांव पंचूर में गूंजे जयकारे, मंदिर में हुई प्राण-प्रतिष्ठा
सीएम योगी आदित्यनाथ ने पैतृक गांव पंचूर में नवनिर्मित मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा की। ग्रामीणों से मिलकर हुए भावुक, बाबा रामदेव और सतपाल महाराज भी रहे मौजूद।
ऋषिकेश/पौड़ी। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को अपने पैतृक गांव पंचूर पहुंचे। अवसर था नवनिर्मित हरि विष्णु पंचदेव मंदिर में मूर्तियों की प्राण-प्रतिष्ठा का। धार्मिक अनुष्ठानों और वैदिक मंत्रोच्चार के बीच मंदिर परिसर भगवान के जयकारों से गूंज उठा। इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बनने के लिए क्षेत्र के हजारों लोग और कई दिग्गज हस्तियां गांव में मौजूद रहीं।
मुख्यमंत्री योगी ने इस दौरान कहा कि उत्तराखंड देवभूमि है, जहाँ दिव्यता और प्राकृतिक सौंदर्य का अद्भुत संगम मिलता है। उन्होंने बदरीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री का जिक्र करते हुए इस धरती को भारत की आध्यात्मिक चेतना का केंद्र बताया। योगी ने जोर दिया कि मंदिर केवल पूजा के स्थान नहीं हैं, बल्कि ये समाज को एकता और संस्कार प्रदान करने वाले केंद्र भी हैं।
प्राण-प्रतिष्ठा कार्यक्रम में योग गुरु बाबा रामदेव, स्वामी चिदानंद सरस्वती और कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज जैसी प्रमुख हस्तियां शामिल हुईं। शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत और हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत ने भी यज्ञशाला में आहुतियां डालीं। इस दौरान वातावरण पूरी तरह भक्तिमय बना रहा और सनातन परंपराओं के संरक्षण का संकल्प लिया गया।
धार्मिक कार्यक्रम के बाद सीएम योगी ने करीब दो घंटे तक पंचूर गांव का भ्रमण किया। उन्होंने पुराने परिचितों और बुजुर्गों से मिलकर अपनी पुरानी यादें ताजा कीं, जिससे माहौल काफी भावुक हो गया। ग्रामीणों ने उन्हें पेयजल और सड़क जैसी समस्याओं से अवगत कराया, जिस पर मुख्यमंत्री ने मौके पर मौजूद अधिकारियों को तत्काल समाधान के निर्देश दिए।
योगी आदित्यनाथ का अपने गांव के प्रति यह लगाव और ग्रामीणों से सादगीपूर्ण संवाद चर्चा का विषय बना रहा। उन्होंने युवाओं से अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़े रहने का आह्वान भी किया। मुख्यमंत्री के इस दौरे ने न केवल धार्मिक ऊर्जा का संचार किया, बल्कि गांव के विकास की नई उम्मीदें भी जगा दी हैं।
