कोटद्वार
कोटद्वार विवाद में राहुल गांधी की एंट्री: दीपक कुमार को बताया ‘बब्बर शेर’
कोटद्वार के ‘बाबा ड्रेस’ विवाद में राहुल गांधी ने दीपक कुमार का समर्थन किया। BJP और संघ पर नफरत फैलाने का आरोप लगाते हुए दीपक को ‘बब्बर शेर’ और भारत का हीरो बताया।
कोटद्वार। उत्तराखंड के कोटद्वार में ‘बाबा’ शब्द को लेकर उपजे विवाद ने अब राजनीतिक मोड़ ले लिया है। इस मामले में लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने हस्तक्षेप करते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर एक भावुक पोस्ट साझा किया है। राहुल गांधी ने खुद को ‘मोहम्मद दीपक’ बताने वाले युवक दीपक कुमार का समर्थन करते हुए उन्हें देश का असली हीरो करार दिया है।
राहुल गांधी ने दीपक को बताया ‘भारत का हीरो’
राहुल गांधी ने अपने पोस्ट में दीपक कुमार की बहादुरी की जमकर तारीफ की है। उन्होंने लिखा कि उत्तराखंड के दीपक भारत के हीरो हैं, जो संविधान और इंसानियत की रक्षा के लिए अकेले लड़ रहे हैं। राहुल ने दीपक को “बब्बर शेर” संबोधित करते हुए कहा कि वह नफरत के बाजार में मोहब्बत की दुकान का जीवित प्रतीक हैं। उन्होंने दीपक को भरोसा दिलाया कि पूरी कांग्रेस पार्टी और वह स्वयं उनके साथ खड़े हैं।
BJP और संघ परिवार पर तीखा हमला
इस विवाद के बहाने राहुल गांधी ने भारतीय जनता पार्टी और संघ परिवार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने लिखा कि उत्तराखंड की BJP सरकार उन ताकतों का साथ दे रही है जो नागरिकों को डराने और समाज में जहर घोलने का काम कर रही हैं। राहुल के अनुसार, शांति के बिना विकास महज एक जुमला है और देश को दीपक जैसे निडर युवाओं की जरूरत है जो संविधान के लिए झुकें नहीं।
क्या था पूरा विवाद और ‘मोहम्मद दीपक’ की कहानी?
यह विवाद 26 जनवरी को कोटद्वार के पटेल मार्ग पर स्थित ‘बाबा स्कूल ड्रेस’ की दुकान से शुरू हुआ था। 70 वर्षीय मुस्लिम दुकानदार वकील अहमद पिछले 30 सालों से यह दुकान चला रहे हैं। कुछ हिंदू संगठनों ने ‘बाबा’ शब्द के इस्तेमाल पर आपत्ति जताते हुए इसे हटाने की चेतावनी दी थी। इसी दौरान पड़ोस में जिम चलाने वाले दीपक कुमार ने भीड़ का डटकर मुकाबला किया और अपनी पहचान ‘मोहम्मद दीपक’ के रूप में बताकर सद्भाव का संदेश दिया।
जमीनी हकीकत और आगे की राह
विवाद का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद से ही इलाके में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है। दीपक कुमार ने स्पष्ट किया कि उन्होंने ‘मोहम्मद दीपक’ नाम केवल एकता का संदेश देने के लिए इस्तेमाल किया था। अब राहुल गांधी के इस विवाद में कूदने से यह मामला राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है। शासन-प्रशासन के लिए अब शहर में कानून-व्यवस्था और आपसी भाईचारा बनाए रखना एक बड़ी चुनौती साबित हो रहा है।
