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देहरादून

देहरादून-टनकपुर ट्रेन अब हफ्ते में तीन दिन चलेगी, टनकपुर-बागेश्वर रेल प्रोजेक्ट में अल्मोड़ा- सोमेश्वर को भी शामिल किया जाएगा

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देहरादून। उत्तराखंड के यात्रियों के लिए राहतभरी खबर है। अब देहरादून-टनकपुर साप्ताहिक ट्रेन हफ्ते में एक की बजाय तीन दिन चलाई जाएगी। बुधवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से नई दिल्ली में हुई मुलाकात के दौरान रेल मंत्री ने इस प्रस्ताव पर सहमति दे दी है। जल्द ही इसके संचालन की औपचारिक घोषणा की जाएगी।
मुख्यमंत्री धामी ने बैठक में राज्य की रेल कनेक्टिविटी से जुड़ी कई योजनाओं पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि देहरादून-टनकपुर रेल सेवा सीमांत क्षेत्रों के लोगों के लिए बेहद उपयोगी है, इसलिए इसके संचालन के दिनों की संख्या बढ़ाई जानी चाहिए। रेल मंत्री ने मुख्यमंत्री के अनुरोध को स्वीकार करते हुए ट्रेन को सप्ताह में तीन दिन चलाने का निर्णय लिया।
इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने टनकपुर-बागेश्वर रेल लाइन प्रोजेक्ट के मौजूदा डिजाइन में संशोधन की भी मांग रखी। उन्होंने कहा कि इस परियोजना में अल्मोड़ा और सोमेश्वर क्षेत्र को भी शामिल किया जाए ताकि कुमाऊं मंडल के मध्य भाग को रेल नेटवर्क से जोड़ा जा सके। साथ ही उन्होंने टनल निर्माण के दौरान समानांतर सड़क मार्ग के निर्माण का भी सुझाव दिया, जिससे भविष्य में आपातकालीन या रखरखाव कार्यों में आसानी हो सके। रेल मंत्री ने इन प्रस्तावों पर गंभीरता से विचार करने और जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया।
मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि केंद्र सरकार उत्तराखंड में रेल सेवाओं के विस्तार को लेकर लगातार सहयोग कर रही है। राज्य में रेल संपर्क को सुदृढ़ करने से पर्यटन, व्यापार और रोजगार के नए अवसर खुलेंगे।
वहीं, इसी दौरान प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित लोगों की मदद के लिए लार्सन एंड टुब्रो (L&T) कंपनी ने मुख्यमंत्री राहत कोष में पांच करोड़ रुपये का योगदान दिया। नई दिल्ली में मुख्यमंत्री धामी से मुलाकात के दौरान कंपनी के प्रतिनिधिमंडल ने उन्हें पांच करोड़ रुपये का चेक सौंपा। मुख्यमंत्री ने इस सहयोग के लिए कंपनी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आपदा के समय कॉर्पोरेट सेक्टर का यह सहयोग राज्य सरकार के राहत एवं पुनर्वास कार्यों में बड़ी सहायता साबित होगा।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार और निजी क्षेत्र के संयुक्त प्रयासों से उत्तराखंड के बुनियादी ढांचे और आपदा प्रबंधन क्षमता में और मजबूती आएगी।

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