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उत्तराखंड पुलिस

उत्तराखंड एसटीएफ एक्शन: नाभा जेल ब्रेक से जुड़े तस्कर को 5 अवैध हथियारों के साथ दबोचा!

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उत्तराखंड STF और रुद्रपुर पुलिस ने संयुक्त ऑपरेशन में एक अंतर्राज्यीय हथियार तस्कर मो. आसिम को 4 ऑटोमैटिक पिस्टल, 1 बंदूक और 40 कारतूस के साथ गिरफ्तार किया। आरोपी का संबंध 2016 के नाभा जेल ब्रेक कांड से भी रहा है।

देहरादून। उत्तराखंड पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ के निर्देश पर, राज्य एसटीएफ (STF) ने अवैध हथियारों के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। एसटीएफ की कुमाऊं यूनिट ने थाना रुद्रपुर पुलिस के साथ संयुक्त ऑपरेशन में एक अंतर्राज्यीय हथियार तस्कर मोहम्मद आसिम को गिरफ्तार किया है। आरोपी बाजपुर, ऊधमसिंह नगर का निवासी है। उसके पास से 4 अवैध ऑटोमैटिक पिस्टल, एक डबल बैरल बंदूक और 40 जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। एसटीएफ का दावा है कि इस कार्रवाई से अवैध हथियारों के एक बड़े अंतर्राज्यीय नेटवर्क (Illegal Weapons Network) का पर्दाफाश हुआ है, जिसके तार उत्तर प्रदेश से लेकर उत्तराखंड तक जुड़े हुए हैं।
एसटीएफ को पिछले कुछ समय से बाजपुर से अवैध हथियारों की तस्करी की गोपनीय सूचनाएँ मिल रही थीं। इसी क्रम में, एक महीने की कड़ी मेहनत के बाद, कल देर रात एसटीएफ कुमाऊं यूनिट को बाजपुर के एक पुराने वैपन तस्कर के रुद्रपुर में हथियारों की बड़ी खेप सप्लाई करने की जानकारी मिली। सूचना पर तुरंत कार्रवाई करते हुए, टीम ने काशीपुर रोड पर स्थित फ्लाईओवर के नीचे से आरोपी मो. आसिम को भारी मात्रा में असलहों के साथ धर दबोचा।
नाभा जेल ब्रेक कांड से भी जुड़ा है आरोपी का संबंध
गिरफ्तार आरोपी मो. आसिम का संबंध वर्ष 2016 में हुए कुख्यात नाभा जेल ब्रेक कांड से भी रहा है। एसटीएफ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर ने जानकारी देते हुए बताया कि आसिम ने इस जेल ब्रेक कांड के अभियुक्तों और कुख्यात गैंगस्टरों को 100 से अधिक कारतूस उपलब्ध कराए थे, जिनका उपयोग जेल ब्रेक में हुआ था। इस मामले में आसिम पहले साढ़े छह साल पटियाला जेल में भी कैद रह चुका है। इसके अलावा, आसिम अपने पिता और भाई के साथ बाजपुर में नक्श गन हाउस (Nakhsh Gun House) चलाता है, जिस पर 2023 में NIA ने भी रेड की थी।
एसटीएफ की पूछताछ में यह बात सामने आई है कि आसिम पिछले 10 वर्षों में बड़ी संख्या में अवैध हथियार बेच चुका है। पुलिस अब इस तस्करी के नेटवर्क की गहराई तक पहुँचने की कोशिश कर रही है। एसटीएफ के अनुसार, उत्तराखंड पुलिस मुख्यालय द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान के तहत अब तक कुल 4 मामलों में 16 अवैध पिस्टल और 4 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
2016 का नाभा जेल ब्रेक कांड
यह घटना 27 नवंबर 2016 को हुई थी, जब पुलिस की वर्दी में 15 हथियारबंद अपराधी नाभा की मैक्सिसम सिक्योरिटी जेल पर हमला करके खालिस्तान लिब्रेशन फोर्स के आतंकी हरमिंदर सिंह मिंटू और चार बड़े गैंगस्टरों को छुड़ा ले गए थे। अपराधियों ने जेल में घुसकर अंधाधुंध फायरिंग की थी। इस घटना से पूरे देश में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठे थे।

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