देहरादून
देहरादून: डीएम सविन बंसल का बड़ा एक्शन, अवैध वसूली के आरोप में पटवारी सस्पेंड
देहरादून के जिलाधिकारी सविन बंसल ने लाखामंडल में किसानों से अवैध वसूली करने वाले पटवारी जयलाल शर्मा को किया निलंबित। ऑडियो साक्ष्य मिलने पर गिरी गाज। पढ़ें पूरी खबर।
देहरादून। जिलाधिकारी (डीएम) Savin Bansal ने भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाते हुए एक बड़ी कार्रवाई की है। लाखामंडल क्षेत्र में तैनात राजस्व उप निरीक्षक (पटवारी) जयलाल शर्मा को अवैध वसूली के गंभीर आरोपों में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई किसानों और अनुसूचित जाति-जनजाति के लोगों द्वारा की गई शिकायतों के बाद की गई है।
मामला लाखामंडल चकराता का है, जहाँ के निवासियों ने डीएम को शपथ पत्र के साथ एक संयुक्त शिकायती पत्र सौंपा था। आरोप है कि पटवारी जयलाल शर्मा छोटे-बड़े सरकारी दस्तावेज तैयार करने, फर्जी विक्रय पत्र बनाने और दाखिल-खारिज के नाम पर अवैध धनराशि की मांग कर रहे थे। Dehradun News के अनुसार, ग्रामीणों ने साक्ष्य के तौर पर जिलाधिकारी को ऑडियो क्लिप भी उपलब्ध कराई थी।
शिकायतकर्ताओं का कहना है कि पटवारी द्वारा काश्तकारों से नकद और ऑनलाइन माध्यमों से जबरन वसूली की जा रही थी। DM Savin Bansal ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल जांच के आदेश दिए। प्रथम दृष्टया आरोपों की पुष्टि होने के बाद, पटवारी को निलंबित कर तहसील कालसी स्थित रजिस्ट्रार कानूनगो कार्यालय में संबद्ध कर दिया गया है।
इस पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच के लिए तहसीलदार विकासनगर को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है। उन्हें एक माह के भीतर अपनी विस्तृत आख्या जिलाधिकारी को प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। Uttarakhand News में इस कार्रवाई को प्रशासन की ओर से भ्रष्टाचार के विरुद्ध एक सख्त संदेश माना जा रहा है, जिससे सरकारी तंत्र में हड़कंप मचा हुआ है।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि जनता का शोषण करने वाले किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा। सविन बंसल ने अपील की है कि यदि कोई भी सरकारी कर्मचारी कार्य के बदले रिश्वत मांगता है, तो सीधे जिला प्रशासन से संपर्क करें। फिलहाल, तहसीलदार की रिपोर्ट आने के बाद आरोपी पटवारी पर अग्रिम कठोर कार्रवाई की जा सकती है।
