नैनीताल
नैनीताल में नई शराब की दुकान का विरोध, सांसद अजय भट्ट ने सीएम धामी को लिखी चिट्ठी
नैनीताल जिले में 8 नई शराब की दुकानों के प्रस्ताव पर सांसद अजय भट्ट ने जताई कड़ी आपत्ति। सीएम धामी को पत्र लिखकर जनभावनाओं के सम्मान की मांग की। पढ़ें पूरी खबर।
नैनीताल/हल्द्वानी। उत्तराखंड के नैनीताल जिले में नई शराब की दुकानें खोलने के प्रस्ताव ने राजनीतिक मोड़ ले लिया है। क्षेत्रीय सांसद और पूर्व केंद्रीय मंत्री अजय भट्ट ने इन प्रस्तावित दुकानों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। स्थानीय जनता के कड़े विरोध को देखते हुए सांसद भट्ट ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को एक पत्र लिखकर अपनी कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है। उन्होंने मांग की है कि जनभावनाओं को ध्यान में रखते हुए इन दुकानों को खोलने का निर्णय वापस लिया जाए।

जानकारी के अनुसार, नैनीताल जिले के विभिन्न क्षेत्रों में कुल आठ नई शराब की दुकानें प्रस्तावित हैं। इनमें रातीघाट, मंगोली, बजून, रामपुर रोड और गौलापार जैसे महत्वपूर्ण इलाके शामिल हैं। इन क्षेत्रों में जैसे ही नई दुकानें खोलने की प्रक्रिया शुरू हुई, स्थानीय निवासी, विशेषकर महिलाएं और युवा संगठन सड़कों पर उतर आए। लोगों का तर्क है कि रिहायशी इलाकों में शराब की दुकानें खुलने से सामाजिक माहौल खराब होगा और अपराधों में वृद्धि होगी।
सांसद अजय भट्ट ने मुख्यमंत्री को लिखे पत्र में स्पष्ट किया कि वे विकास के पक्षधर हैं, लेकिन जनता की इच्छा के विरुद्ध कोई भी निर्णय उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि नैनीताल एक संवेदनशील और पर्यटन प्रधान जिला है, जहाँ शांति बनाए रखना सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए। पत्र में उन्होंने उन सभी आठ स्थानों का उल्लेख किया है जहाँ जनता लगातार विरोध प्रदर्शन कर रही है।
गौरतलब है कि रातीघाट और गौलापार जैसे क्षेत्रों में विरोध प्रदर्शन काफी उग्र होता जा रहा है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि प्रशासन राजस्व बढ़ाने के चक्कर में स्थानीय संस्कृति और सुरक्षा से समझौता कर रहा है। सांसद के हस्तक्षेप के बाद अब आबकारी विभाग और जिला प्रशासन पर दबाव बढ़ गया है। उम्मीद जताई जा रही है कि मुख्यमंत्री इस मामले में हस्तक्षेप कर जल्द ही कोई बड़ा फैसला ले सकते हैं।
