हरिद्वार
हरिद्वार में विजिलेंस की बड़ी स्ट्राइक: GST दफ्तर में रिश्वत लेते डेटा ऑपरेटर गिरफ्तार
हरिद्वार में जीएसटी कार्यालय के डेटा एंट्री ऑपरेटर प्रमोद सेमवाल को विजिलेंस ने ₹20,000 की घूस लेते पकड़ा। टैक्स सेटलमेंट के नाम पर मांगी थी ₹1.20 लाख की रिश्वत।
हरिद्वार: उत्तराखंड में भ्रष्टाचार के खिलाफ जारी अभियान के तहत विजिलेंस टीम ने एक और बड़ी सफलता हासिल की है। हरिद्वार स्थित सहायक आयुक्त राज्य कर खंड-3 के कार्यालय में तैनात डेटा एंट्री ऑपरेटर प्रमोद सेमवाल को ₹20,000 की नगद रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है। आरोपी पिछले 18 वर्षों से उपनल के माध्यम से इस विभाग में कार्यरत था।
बंद हो चुकी कंपनी के नाम पर मांग रहा था घूस
मिली जानकारी के अनुसार, शिकायतकर्ता की ‘हिमांशी पैकेजिंग इंडस्ट्री’ वर्ष 2021 में ही बंद हो चुकी है। इस कंपनी पर जीएसटी लागू होने से पूर्व के अंतिम 3 महीनों का लगभग ₹1.76 लाख का वैट (VAT) बकाया बताया गया था। इस टैक्स को खत्म करने के बदले आरोपी प्रमोद सेमवाल ने ₹1,20,000 की भारी-भरकम रिश्वत की मांग की थी, जिसे किस्तों में देना तय हुआ था।
विजिलेंस ने बिछाया जाल, रंगे हाथ दबोचा
शिकायतकर्ता की सूचना पर विजिलेंस टीम ने मामले का सत्यापन किया और जाल बिछाया। जैसे ही आरोपी ने रिश्वत की पहली किस्त के रूप में ₹20,000 पकड़े, टीम ने उसे दबोच लिया। हरिद्वार समाचार (Haridwar News) के मुताबिक, गिरफ्तारी जगजीतपुर क्षेत्र स्थित कार्यालय के पास से हुई है। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।
भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस
विजिलेंस विभाग के अधिकारियों का कहना है कि सरकारी दफ्तरों में भ्रष्टाचार किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आरोपी प्रमोद सेमवाल के घर और अन्य ठिकानों की भी जांच की जा रही है। यह कार्रवाई उन सभी कर्मचारियों के लिए कड़ी चेतावनी है जो आम जनता के काम रोकने के नाम पर अवैध धन उगाही करते हैं। विभाग ने जनता से भी अपील की है कि रिश्वत मांगने पर तुरंत टोल-फ्री नंबर पर सूचना दें।
