नैनीताल
नैनीताल पुलिस हुई हाईटेक: पर्यटन सीजन और कैंची धाम मेले में ड्रोन से होगी निगरानी
नैनीताल पुलिस अब एडवांस्ड ड्रोन तकनीक से लैस हो गई है। पर्यटन सीजन और कैंची धाम मेले के दौरान ट्रैफिक जाम और सुरक्षा व्यवस्था पर आसमान से नजर रखी जाएगी।
नैनीताल: उत्तराखंड के विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल नैनीताल में आगामी पर्यटन सीजन, ऐतिहासिक कैंची धाम मेले और त्योहारों को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं। नैनीताल पुलिस अब कानून और यातायात व्यवस्था को संभालने के लिए पूरी तरह हाईटेक हो गई है। पुलिस मुख्यालय की ओर से जिले को अत्याधुनिक एडवांस्ड ड्रोन जारी किए गए हैं। इन ड्रोनों की मदद से अब शहर के ट्रैफिक जाम, अत्यधिक भीड़भाड़ और संवेदनशील इलाकों की सुरक्षा व्यवस्था पर आसमान से पैनी नजर रखी जाएगी।
मंगलवार को पुलिस अधीक्षक संचार रेवाधर मठपाल ने इन हाईटेक ड्रोनों का सफल परीक्षण किया। अधिकारियों ने बताया कि ड्रोन का शुरुआती डेमो पूरी तरह सफल रहा है और जल्द ही इन्हें नियमित निगरानी कार्यों के लिए मैदान में उतार दिया जाएगा। पुलिस विभाग के अनुसार, ये एडवांस्ड ड्रोन करीब दो किलोमीटर की हवाई दूरी से सीधे कंट्रोल रूम को लाइव विजुअल और इनपुट भेजने में पूरी तरह सक्षम हैं। इससे पुलिस को कानून-व्यवस्था बनाए रखने में बड़ी मदद मिलेगी।
इस नई ड्रोन तकनीक का सबसे बड़ा लाभ नैनीताल के उन दुर्गम, संकरे और पहाड़ी मार्गों पर मिलेगा, जहां पर्यटन सीजन के दौरान अक्सर गाड़ियों की लंबी कतारें और भारी जाम लग जाता है। ड्रोन से मिलने वाले लाइव वीडियो के आधार पर पुलिस कंट्रोल रूम तुरंत सक्रिय हो जाएगा। इसके बाद जाम या भीड़भाड़ वाले पॉइंट पर नजदीकी पुलिस टीमों को तत्काल रवाना किया जा सकेगा, जिससे समय रहते स्थिति को नियंत्रित किया जा सके। इस सफल परीक्षण के दौरान निरीक्षक राजकुमार बिष्ट और प्रतिसार निरीक्षक हरकेश सिंह समेत कई पुलिस कर्मी मौजूद रहे।
आगामी जून के महीने में कैंची धाम में लगने वाले वार्षिक मेले को लेकर भी प्रशासन इस बार बेहद सतर्क है। इस मेले में देश-विदेश से लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है, जिससे भवाली और नैनीताल रूट पर दबाव बढ़ जाता है। ऐसे में यह ड्रोन तकनीक ट्रैफिक मैनेजमेंट को सुचारू बनाने के लिए रामबाण साबित होगी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस डिजिटल तकनीक के इस्तेमाल से न सिर्फ जाम की समस्या से निजात मिलेगी, बल्कि असामाजिक तत्वों पर भी कड़ी निगरानी रखी जा सकेगी।
