नई दिल्ली
दिल्ली के जनकपुरी में जल बोर्ड का गड्ढा बना उत्तराखंड पौड़ी के 25 वर्षीय युवक की कब्र
दिल्ली के जनकपुरी में जल बोर्ड की लापरवाही से 25 वर्षीय कमल ध्यानी की मौत। 15 फीट गहरे खुले गड्ढे में गिरने से हुई दुर्घटना। पुलिस ने दर्ज की
नई दिल्ली: नोएडा के बाद अब देश की राजधानी दिल्ली में प्रशासनिक अनदेखी ने एक और हंसते-खेलते परिवार को उजाड़ दिया है। जनकपुरी इलाके में दिल्ली जल बोर्ड द्वारा खोदा गया करीब 15 फीट गहरा गड्ढा एक नौजवान के लिए जानलेवा साबित हुआ। गुरुवार देर रात काम से घर लौट रहा 25 वर्षीय कमल ध्यानी इस अंधेरे गड्ढे का शिकार हो गया।
दफ्तर से लौटते समय हुआ हादसा
मृतक कमल ध्यानी अपने परिवार के साथ पालम इलाके में रहता था। वह पिछले चार वर्षों से रोहिणी के एक निजी बैंक के कॉल सेंटर में कार्यरत था। गुरुवार रात अपनी नाइट शिफ्ट खत्म कर वह बाइक से घर लौट रहा था। भारती कॉलेज के पास सड़क पर खोदे गए गहरे गड्ढे के पास कोई चेतावनी बोर्ड नहीं था, जिसके कारण वह सीधे उसमें जा गिरा।
सुबह मिली दुर्घटना की जानकारी
शुक्रवार सुबह करीब आठ बजे पुलिस को सूचना मिली कि एक युवक गहरे गड्ढे में गिरा हुआ है। पुलिस और दमकल विभाग की टीम ने काफी मशक्कत के बाद उसे बाहर निकाला। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक के मोबाइल पर परिजनों की कॉल आने के बाद उसकी शिनाख्त हो पाई।
अधिकारियों और ठेकेदार पर FIR दर्ज
इस दर्दनाक घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए ठेकेदार और दिल्ली जल बोर्ड के तीन अधिकारियों के खिलाफ BNS की धारा 105 के तहत मामला दर्ज किया है। कमल का परिवार मूल रूप से उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल का रहने वाला है, जो वर्तमान में पालम के एक मंदिर परिसर में रहता है।
