हल्द्वानी
ज्योति अधिकारी का STH से नया खुलासा: ‘मैं पेड़ से गिरी नहीं, 8 मिनट तक लटकी रही’
हल्द्वानी की ब्लॉगर ज्योति अधिकारी ने सुशीला तिवारी अस्पताल से नया वीडियो जारी कर सनसनीखेज दावा किया है। उन्होंने अपनी जान को खतरा बताते हुए कई आरोप लगाए हैं।
हल्द्वानी। सुशीला तिवारी अस्पताल (STH) में भर्ती चर्चित ब्लॉगर ज्योति अधिकारी ने एक बार फिर सोशल मीडिया पर अपनी चुप्पी तोड़ते हुए कई चौंकाने वाले दावे किए हैं। पिछले कुछ दिनों से विवादों के केंद्र में रहीं ज्योति ने अपने नए बयान में साफ कहा है कि वह पेड़ से गिरी नहीं थीं, बल्कि पूरे 8 मिनट तक मौत और जिंदगी के बीच लटकी रही थीं।
अस्पताल के भीतर से सामने आए इस नए वीडियो में ज्योति बेहद भावुक और डरी हुई नजर आ रही हैं। उनका दावा है कि अस्पताल प्रशासन और कुछ अज्ञात लोग उन पर लगातार नजर रख रहे हैं, जिससे वह खुद को बिल्कुल भी सुरक्षित महसूस नहीं कर रही हैं। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा, “मैं कहीं भी सेफ नहीं हूं। मेरे साथ अब कुछ भी अनहोनी होती है तो इसके लिए जिम्मेदार वही लोग होंगे जो मुझे सच्चाई बताने से रोक रहे हैं।”
गौरतलब है कि हाल ही में ज्योति अधिकारी ने आत्मदाह की कोशिश की थी, जिसके बाद उन्हें इलाज के लिए STH में भर्ती कराया गया था। शुरुआती खबरों में उनके पेड़ से गिरने या चोट लगने की बात सामने आई थी, लेकिन अब ज्योति ने खुद इस पर स्पष्टीकरण देते हुए इसे एक गंभीर साजिश का हिस्सा बताया है। उनके इस बयान ने पुलिस की जांच और अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सोशल मीडिया पर इस नए खुलासे के बाद हड़कंप मच गया है। जहाँ ज्योति के समर्थक उनकी सुरक्षा की गुहार लगा रहे हैं, वहीं एक बड़ा तबका इस पूरे घटनाक्रम को ‘डिजिटल ड्रामा’ और ‘अटेंशन सीकिंग’ करार दे रहा है। हालांकि, जान को खतरा होने जैसे गंभीर दावों को देखते हुए स्थानीय प्रशासन के लिए यह मामला अब गले की फांस बनता जा रहा है। फिलहाल, सुशीला तिवारी अस्पताल प्रबंधन या हल्द्वानी पुलिस की ओर से इस नए दावे पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।
