देहरादून
चम्पावत में गैस एजेंसी मैनेजर की संदिग्ध मौत, देहरादून में उरेडा अधिकारी ने दी जान
चम्पावत में गैस एजेंसी प्रबंधक दयाल सिंह की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत। देहरादून में उरेडा प्रोजेक्ट अफसर राजेश्वरी ने फांसी लगाई, पति समेत 5 पर दहेज हत्या का केस।
चम्पावत/देहरादून।उत्तराखंड में बीते 24 घंटों के भीतर दो अलग-अलग घटनाओं ने सबको चौंका दिया है। चम्पावत जिले में जहाँ एक गैस एजेंसी प्रबंधक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई, वहीं राजधानी देहरादून में उरेडा की एक महिला अधिकारी ने फांसी लगाकर जीवन लीला समाप्त कर ली। पुलिस दोनों ही मामलों की गहनता से जांच कर रही है।
चम्पावत गैस एजेंसी के 55 वर्षीय प्रबंधक दयाल सिंह रावत की सोमवार को संदिग्ध हालात में मृत्यु हो गई। मूल रूप से टिहरी निवासी दयाल सिंह को रविवार शाम लगातार उल्टी होने के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. एचएस ह्यांकी के अनुसार, उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। कोतवाल बीएस बिष्ट ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में स्पष्ट कारण न मिलने पर बिसरा सुरक्षित रखा गया है।
दूसरी दुखद घटना देहरादून से सामने आई है। यहाँ उत्तराखंड अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण (उरेडा) में तैनात 34 वर्षीय प्रोजेक्ट अफसर राजेश्वरी ने अपने घर में फांसी लगाकर जान दे दी। बताया जा रहा है कि घटना से पहले उनकी पति से कहासुनी हुई थी। मृतका के परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने पति समेत परिवार के पांच सदस्यों के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है।
चम्पावत मामले में पुलिस को मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है, जिसके कारण बिसरा जांच अब मौत की गुत्थी सुलझाने का मुख्य आधार होगी। वहीं, देहरादून मामले में पुलिस पति और ससुराल पक्ष के बयानों की पुष्टि कर रही है। दोनों ही परिवारों में इस समय मातम पसरा हुआ है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सबूतों और रिपोर्ट के आधार पर आगे की कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
