उत्तराखण्ड
उत्तराखंड की राजनीति में बड़ा उलटफेर: 3 पूर्व विधायक और पूर्व मेयर समेत 6 दिग्गजों ने थामा कांग्रेस का हाथ
लोकसभा चुनाव 2026 से पहले उत्तराखंड कांग्रेस में बड़ी जॉइनिंग। राजकुमार ठुकराल, नारायण पाल और भीमलाल आर्य समेत 6 बड़े नेताओं ने थामा कांग्रेस का हाथ। कुमारी शैलजा रहीं मौजूद।
देहरादून: उत्तराखंड की सियासत में आज एक बड़ा धमाका हुआ है। आगामी चुनावों और राजनीतिक समीकरणों के बीच कांग्रेस पार्टी ने अपना कुनबा बढ़ाते हुए छह बड़े दिग्गजों को पार्टी की सदस्यता दिलाई है। इनमें तीन पूर्व विधायक, एक पूर्व मेयर, पूर्व ब्लॉक प्रमुख और एक पूर्व चेयरमैन शामिल हैं। इस ‘शक्ति प्रदर्शन’ के दौरान कांग्रेस के तमाम शीर्ष नेता एक मंच पर नजर आए।
कांग्रेस के दिग्गज नेताओं की मौजूदगी में हुई जॉइनिंग
नई दिल्ली और देहरादून के राजनीतिक गलियारों में इस जॉइनिंग को बेहद अहम माना जा रहा है। इन सभी नेताओं को कांग्रेस प्रभारी कुमारी शैलजा, प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य, पूर्व मंत्री हरक सिंह रावत, प्रीतम सिंह और करण मेहरा की उपस्थिति में पार्टी में शामिल किया गया। सभी वरिष्ठ नेताओं ने नवागत सदस्यों का स्वागत करते हुए कहा कि इनके आने से राज्य में कांग्रेस को नई मजबूती मिलेगी।
कांग्रेस में शामिल होने वाले प्रमुख चेहरे:
पार्टी में शामिल होने वाले ये सभी नेता अपने-अपने क्षेत्रों में खासा प्रभाव रखते हैं:
* राजकुमार ठुकराल: रुद्रपुर से पूर्व विधायक (क्षेत्र में मजबूत पकड़ और हिंदूवादी छवि के लिए चर्चित)।
* नारायण पाल: सितारगंज से पूर्व विधायक (तराई की राजनीति के बड़े चेहरे)।
* भीमलाल आर्य: घनसाली से पूर्व विधायक।
* गौरव गोयल: रुड़की से पूर्व मेयर (नगर निगम की राजनीति में सक्रिय)।
* लाखन सिंह नेगी: रामगढ़ से पूर्व ब्लॉक प्रमुख।
* अनुज गुप्ता: मसूरी से पूर्व पालिकाध्यक्ष (पर्यटन नगरी मसूरी के प्रभावशाली नेता)।
बदलेंगे चुनावी समीकरण?
विशेषज्ञों का मानना है कि विशेषकर तराई क्षेत्र (रुद्रपुर, सितारगंज) और हरिद्वार (रुड़की) के इन कद्दावर नेताओं के कांग्रेस में आने से विपक्षी खेमे में हलचल बढ़ना तय है। राजकुमार ठुकराल और नारायण पाल जैसे नेताओं का अपने क्षेत्रों में व्यक्तिगत वोट बैंक है, जो आने वाले समय में कांग्रेस के लिए निर्णायक साबित हो सकता है।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने कहा, “जनता का विश्वास वर्तमान सरकार से उठ चुका है और बड़े नेता भी अब प्रदेश के विकास के लिए कांग्रेस की नीतियों पर भरोसा जता रहे हैं। इन सभी साथियों के आने से संगठन को जमीनी स्तर पर बल मिलेगा।”
