देहरादून
ममता सोसाइटी का सराहनीय कदम: गरीब बच्चों के लिए 10 दिवसीय फ्री कोचिंग कैंप संपन्न
ममता एजुकेशनल एंड वेलफेयर सोसाइटी ने आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों के लिए 10 दिवसीय शैक्षणिक शिविर लगाया। परीक्षाओं की तैयारी के साथ नैतिक शिक्षा और मंदिर दर्शन का आनंद।
देहरादून: समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बच्चों के भविष्य को उज्ज्वल बनाने की दिशा में ममता एजुकेशनल एंड वेलफेयर सोसाइटी ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। संस्था द्वारा आयोजित 10 दिवसीय निःशुल्क शैक्षणिक शिविर का सफलतापूर्वक समापन हो गया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य आगामी परीक्षाओं के मद्देनजर बच्चों को मानसिक रूप से तैयार करना और उनका आत्मविश्वास बढ़ाना था।
शिविर के दौरान बच्चों को न केवल उनके पाठ्यक्रम के कठिन विषयों को समझाया गया, बल्कि उन्हें परीक्षा में समय प्रबंधन के गुर भी सिखाए गए। शिक्षा के साथ-साथ नैतिक मूल्यों, अनुशासन और जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने पर विशेष जोर दिया गया। संस्था के अध्यक्ष ‘गुड्डू’ जी ने स्वयं कक्षाओं का संचालन किया और बच्चों को जीवन में सफलता प्राप्त करने के लिए महत्वपूर्ण मार्गदर्शन प्रदान किया।
शिविर में शामिल बच्चों का उत्साह देखते ही बनता था। प्रतिदिन होने वाली शैक्षणिक गतिविधियों ने बच्चों के भीतर सीखने की एक नई ललक पैदा की। समापन अवसर पर बच्चों के लिए एक विशेष भ्रमण कार्यक्रम भी आयोजित किया गया। संस्था की ओर से बच्चों को स्थानीय मंदिर के दर्शन कराए गए, जहाँ उन्होंने आध्यात्मिक शांति और सकारात्मक वातावरण का अनुभव किया। यह भ्रमण बच्चों के लिए मनोरंजन के साथ-साथ ज्ञानवर्धक भी रहा।
संस्था के अध्यक्ष ने कहा कि शिक्षा ही वह माध्यम है जिससे समाज की विषमताओं को दूर किया जा सकता है। उन्होंने संकल्प दोहराया कि ममता एजुकेशनल एंड वेलफेयर सोसाइटी भविष्य में भी इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित करती रहेगी। उनका लक्ष्य है कि कोई भी बच्चा संसाधनों के अभाव में शिक्षा से वंचित न रहे।
स्थानीय अभिभावकों और समाजसेवियों ने संस्था के इस प्रयास की मुक्तकंठ से सराहना की है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के छोटे-छोटे प्रयास समाज के वंचित तबके के बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ने में मील का पत्थर साबित होते हैं। संस्था अब आगामी सत्र के लिए और भी बड़े स्तर पर शैक्षणिक गतिविधियों की योजना बना रही है।
