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हरिद्वार

भीषण गर्मी में राहत बनी ‘श्री राम नाम विश्व बैंक समिति’ की सेवा: हरिद्वार में शर्बत और खिचड़ी का निःशुल्क वितरण

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हरिद्वार। तीर्थ नगरी हरिद्वार में जब मई-जून की तेज़ धूप और चिलचिलाती गर्मी लोगों को बेहाल कर रही है, ऐसे समय में श्री राम नाम विश्व बैंक समिति द्वारा चलाया जा रहा निःशुल्क सेवा अभियान आम जनमानस के लिए संजीवनी साबित हो रहा है। समिति के तत्वावधान में हर की पौड़ी अपर रोड पर लगाई गई प्याऊ में शीतल शरबत और खिचड़ी का प्रसाद वितरित किया जा रहा है, जिसे श्रद्धालुओं और राहगीरों द्वारा भरपूर सराहना मिल रही है।

संस्था के राष्ट्रीय अध्यक्ष पंडित सुमित तिवारी ने कहा कि “नर सेवा ही नारायण सेवा है। जब सेवा निष्काम भाव से की जाती है, तो भगवान की विशेष कृपा प्राप्त होती है।” उन्होंने बताया कि संस्था की ओर से लगाया गया यह प्रसाद स्टॉल प्रभु इच्छा तक लगातार जारी रहेगा। जैसे ही शरबत वितरण आरंभ हुआ, सैकड़ों की संख्या में लोग प्याऊ पर पहुंचे और ठंडा शरबत पीकर राहत महसूस की।

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पंडित तिवारी ने यह भी कहा कि भीषण गर्मी के इस दौर में राहगीरों, श्रद्धालुओं और ज़रूरतमंदों को ठंडा पानी, मीठा शरबत और पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराना संस्था का मुख्य उद्देश्य है। इस सेवा के माध्यम से लोगों को न सिर्फ शारीरिक राहत मिलती है, बल्कि सेवा देने वालों की आत्मा को भी सुकून प्राप्त होता है।

संस्था के महासचिव विकास गर्ग ने जानकारी देते हुए कहा कि हरिद्वार में सेवा कार्य के सफल संचालन के बाद संस्था का उद्देश्य है कि देशभर में ऐसे छोटे-छोटे प्रसाद स्टॉल लगाए जाएं, जिससे अधिक से अधिक लोगों तक राहत पहुंचाई जा सके। उन्होंने कहा, “लोगों को शीतलता प्रदान करने से आत्मा को सुख मिलता है। यह सेवा एक सामाजिक दायित्व भी है।”

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इस सेवा कार्य में कुलदीप अरोड़ा, देवेंद्र कुमार, सोनू शर्मा, बाबा शरद चंद्र, दक्ष पंवार, बादल गोस्वामी और सन्नी कुमार सहित अनेक कार्यकर्ता दिन-रात जुटे हुए हैं। सेवा भावना से ओतप्रोत यह अभियान सामाजिक एकता और मानवता का एक प्रेरणादायक उदाहरण बनकर सामने आया है।
संस्था की यह पहल हरिद्वार जैसे तीर्थस्थल पर जनसेवा और अध्यात्म का एक सुंदर संगम प्रस्तुत करती है।

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