Connect with us

हरिद्वार

भारत की आत्मा वनवासी गांवों में बसी है: नवापारा में बोले श्याम जी गुप्त

Published

on

खबर शेयर करें 👉

नवापारा में एकल अभियान की बैठक में श्याम जी गुप्त ने वनांचल के विकास, शिक्षा और सनातन धर्म की रक्षा पर दिया जोर। पढ़ें विशेष रिपोर्ट।

हरिद्वार। छत्तीसगढ़ के गोबरा नवापारा स्थित राधा-कृष्ण मंदिर में एकल अभियान के संस्थापक सदस्य श्याम जी गुप्त की अध्यक्षता में मध्य छत्तीसगढ़ भाग-स्तरीय समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। इस महत्वपूर्ण बैठक में बिलासपुर, राजनंदगांव, महासमुंद और नवापारा अंचल के 13 जिलों से आए 80 से अधिक सेवाव्रतियों और अधिकारियों ने भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ मां भारती की पूजा-अर्चना और हनुमान चालीसा पाठ के साथ हुआ।
बैठक को संबोधित करते हुए मुख्य वक्ता श्याम जी गुप्त ने कहा कि भारत की वास्तविक आत्मा वनांचल और ग्रामीण क्षेत्रों में बसती है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से वनवासी क्षेत्र में पंचमुखी शिक्षा की गतिविधियों की समीक्षा की और कार्यकर्ताओं से छह महीने तथा समिति सदस्यों से माह में दो दिन वनांचल प्रवास का संकल्प दिलाया। उन्होंने कहा कि वनांचल के शिक्षित और स्वावलंबी होने से देश हर क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनेगा।
श्याम जी गुप्त ने सामाजिक चुनौतियों पर चिंता जताते हुए कहा कि विधर्मियों द्वारा धन और साधनों के बल पर सनातन परंपराओं को प्रभावित करने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने संपन्न वर्ग से वनवासी समाज के उत्थान के लिए तन-मन-धन से सहयोग करने का आह्वान किया। साथ ही उन्होंने देश को अस्थिर करने वाले विदेशी षड्यंत्रों के प्रति सतर्क रहने और वैचारिक रूप से मजबूत रहने की बात कही।
बैठक में गांवों और शहरों में ‘हनुमान परिवार’ का गठन कर समाज को संगठित और सशक्त बनाने का निर्णय लिया गया। इसके अलावा, हरि कथा के व्यास कथाकारों के प्रशिक्षण के लिए नवापारा संत निवास में एक नया प्रशिक्षण केंद्र खोलने की घोषणा की गई, जिसका संपूर्ण खर्च भागावशेष सहयोग से वहन किया जाएगा।
इस एक दिवसीय बैठक में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांत सह-कार्यवाह गोपाल यादव, एकल अभियान की प्रभाग अध्यक्ष प्राची गर्ग, संभाग अध्यक्ष महेंद्रकांत संघानी, छत्तीसगढ़ मध्य भाग अध्यक्ष गिरधारी अग्रवाल सहित अनेक गणमान्य पदाधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन भाग सचिव प्रफुल्ल दुबे और आभार प्रदर्शन भाग अध्यक्ष गिरधारी अग्रवाल ने किया।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Select Language

Advertisement