Connect with us

अल्मोड़ा/बागेश्वर/चंपावत/पिथौरागढ़

चंपावत: सड़क विहीन रूईया गांव: बुजुर्ग का शव 12 किमी पैदल ढोने को मजबूर ग्रामीण

Published

on

खबर शेयर करें 👉

चम्पावत। सीमांत रूईया ग्राम पंचायत के ग्रामीण सड़क न होने की समस्या का दर्द लगातार झेल रहे हैं। सोमवार को यह पीड़ा तब और गहरी हो गई जब ग्रामीणों को एक बुजुर्ग का शव 12 किमी दूर से पैदल ढोकर गांव लाना पड़ा।
ग्राम पंचायत के खटगरी तोक निवासी 65 वर्षीय संतोष सिंह लंबे समय से बीमार थे। उन्हें कुछ दिन पहले जिला अस्पताल चम्पावत में भर्ती कराया गया था। सोमवार को डॉक्टरों ने गंभीर हालत देखते हुए उन्हें घर ले जाने की सलाह दी। परिजनों और ग्रामीणों ने उन्हें घर लाने का प्रयास किया, लेकिन चम्पावत से करीब तीन किमी दूर ही रास्ते में उनकी मौत हो गई।
इसके बाद शव को चम्पावत से 31 किमी दूर मंच तक वाहन से लाया गया। वहां से सड़क सुविधा न होने के कारण शव को ग्रामीणों ने 12 किमी तक पैदल ढोकर रूईया गांव पहुंचाया। इस दौरान परिजनों और ग्रामीणों को बेहद कठिनाई का सामना करना पड़ा।
ग्रामीण प्रेम सिंह और बचन सिंह ने बताया कि सड़क सुविधा के अभाव में न केवल बीमार और बुजुर्ग लोगों को भारी दिक्कतें झेलनी पड़ती हैं, बल्कि आपात स्थिति में भी लोगों की जान जोखिम में पड़ जाती है। उन्होंने प्रशासन से शीघ्र सड़क निर्माण की मांग की है ताकि भविष्य में इस तरह की स्थिति का सामना न करना पड़े।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Select Language

Advertisement