उत्तराखण्ड
बिहार की बेटियों पर अपमानजनक टिप्पणी: रेखा आर्या के पति गिरधारी लाल साहू की बढ़ी मुश्किलें
बिहार महिला आयोग ने मंत्री रेखा आर्या के पति गिरधारी लाल साहू के ‘बेटियों के रेट’ वाले बयान पर कड़ा संज्ञान लिया है। सीएम धामी को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की गई।
पटना/देहरादून: उत्तराखंड सरकार की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या के पति गिरधारी लाल साहू एक बड़े विवाद में फंस गए हैं। बिहार की बेटियों को लेकर दिए गए उनके कथित अपमानजनक और “बेहूदा” बयान ने राजनीतिक गलियारों में हड़कंप मचा दिया है। बरेली निवासी हिस्ट्रीशीटर गिरधारी लाल साहू पर आरोप है कि उन्होंने बिहार की बेटियों के ‘रेट’ और उन्हें खरीदने से जुड़ी अभद्र टिप्पणी की है।
इस मामले पर बिहार राज्य महिला आयोग ने कड़ा रुख अपनाते हुए स्वतः संज्ञान लिया है। आयोग की अध्यक्ष अप्सरा जी ने उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को एक आधिकारिक पत्र भेजा है। इस पत्र में साहू के बयानों पर गहरी आपत्ति जताते हुए इसे महिलाओं की गरिमा के खिलाफ बताया गया है। बिहार महिला आयोग ने उत्तराखंड सरकार से आरोपी पर तत्काल सख्त कार्रवाई करने की मांग की है।
महिला आयोग ने अपने पत्र में स्पष्ट रूप से लिखा है कि बीजेपी मंत्री के पति के इस बयान से बिहार की बेटियां और महिलाएं मानसिक रूप से आहत हैं। आयोग ने साहू की टिप्पणी को न केवल अपमानजनक, बल्कि अत्यंत निंदनीय करार दिया है। सोशल मीडिया पर भी इस बयान को लेकर लोगों का गुस्सा फूट रहा है और लोग मंत्री रेखा आर्या से भी स्पष्टीकरण की मांग कर रहे हैं।
इस घटना के बाद उत्तराखंड की धामी सरकार पर भी दबाव बढ़ गया है। विपक्षी दलों ने इसे महिला सुरक्षा और सम्मान के मुद्दे पर सरकार की घेराबंदी शुरू कर दी है। अब देखना यह होगा कि मुख्यमंत्री कार्यालय बिहार महिला आयोग की इस कड़ी आपत्ति पर क्या कदम उठाता है। बिहार की अस्मिता से जुड़े इस मामले ने अब दो राज्यों के बीच एक नया राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है।
