उत्तराखण्ड
उत्तराखंड को ₹461 करोड़ की सौगात: चारधाम यात्रा मार्ग पर भूस्खलन का होगा स्थायी समाधान
केंद्र सरकार ने उत्तराखंड के NH-134 और NH-09 पर भूस्खलन प्रभावित क्षेत्रों के सुधार के लिए ₹461 करोड़ मंजूर किए हैं। यमुनोत्री मार्ग और सीमांत क्षेत्र होंगे अब और सुरक्षित।
देहरादून: उत्तराखंड में चारधाम यात्रा और सीमांत क्षेत्रों की सड़कों को सुरक्षित बनाने की दिशा में केंद्र सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने राज्य में भूस्खलन प्रभावित स्थलों के उपचार और मरम्मत के लिए ₹461 करोड़ की भारी-भरकम राशि को मंजूरी दे दी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस निर्णय के लिए केंद्र सरकार का आभार व्यक्त करते हुए इसे राज्य की अवसंरचना के लिए ऐतिहासिक बताया है।
इस बजट का एक बड़ा हिस्सा, लगभग ₹233 करोड़, उत्तरकाशी जिले के राष्ट्रीय राजमार्ग-134 (NH-134) पर खर्च किया जाएगा। यह मार्ग धरासू और कुठनोरी से होते हुए यमुनोत्री धाम को जोड़ता है। इस मार्ग पर 17 ऐसे डेंजर जोन (भूस्खलन स्थल) चिह्नित किए गए हैं, जहाँ बारिश के दौरान अक्सर यातायात ठप हो जाता है। इन कार्यों के पूरा होने से चारधाम आने वाले श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों का सफर अब पहले से कहीं अधिक सुरक्षित और सुगम हो जाएगा।
पिथौरागढ़ जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग-09 के तवाघाट-घटियाबागड़ खंड के लिए ₹228 करोड़ की राशि स्वीकृत की गई है। यहाँ के 3 प्रमुख संवेदनशील स्थलों का उपचार किया जाएगा। सामरिक दृष्टि से यह मार्ग अत्यंत महत्वपूर्ण है क्योंकि यह भारत के सीमांत क्षेत्रों को जोड़ता है। मुख्यमंत्री के अनुसार, इस पहल से न केवल आपदा जोखिम कम होगा, बल्कि स्थानीय निवासियों और सेना की आवाजाही में भी निर्बाध कनेक्टिविटी सुनिश्चित होगी।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के साझा प्रयासों से उत्तराखंड का सड़क नेटवर्क लगातार मजबूत हो रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि यह धनराशि पर्यटन को बढ़ावा देने और आपदा प्रबंधन क्षमताओं को नई ऊंचाई पर ले जाएगी। “हमारी सरकार प्रदेश के सर्वांगीण विकास और नागरिकों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है,” सीएम धामी ने अपने बयान में जोर देकर कहा।
