नई दिल्ली
उत्तराखंड पुलिस के ADG का फर्जी AI डांस वीडियो वायरल, केस दर्ज
सोशल मीडिया पर उत्तराखंड पुलिस के नाम से बने फर्जी अकाउंट से एडीजी (कानून-व्यवस्था) का एआई जनरेटेड डांस वीडियो वायरल होने पर साइबर थाना देहरादून में मुकदमा दर्ज।
देहरादून। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक के बढ़ते दुरुपयोग ने अब पुलिस महकमे की भी चिंता बढ़ा दी है। सोशल मीडिया पर उत्तराखंड पुलिस के नाम से बनाए गए एक फर्जी इंस्टाग्राम अकाउंट से अपर पुलिस महानिदेशक (ADG) कानून एवं व्यवस्था का एआई जनरेटेड वीडियो वायरल कर दिया गया है। इस कूटरचित वीडियो में अधिकारी को आपत्तिजनक रूप से डांस करते हुए दिखाया गया है। पुलिस प्रशासन ने इसे खाकी की छवि धूमिल करने की एक गंभीर और सुनियोजित साजिश माना है।
इस मामले की गंभीरता को देखते हुए साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन देहरादून में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। यह कार्रवाई साइबर थाने की सोशल मीडिया प्रभारी भावना कर्णवाल की तहरीर के आधार पर की गई है। पुलिस की सोशल मीडिया निगरानी टीम को गश्त के दौरान इस फर्जी अकाउंट और भ्रामक वीडियो के बारे में पता चला था। प्रारंभिक तकनीकी जांच में साफ हो गया है कि इस वीडियो को पूरी तरह एआई टूल की मदद से तैयार किया गया है।
साइबर सेल के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि यह कृत्य आईटी एक्ट (IT Act) और सोशल मीडिया नियमों का खुला उल्लंघन है। इस प्रकार की भ्रामक गतिविधियों से न केवल समाज में गलत सूचनाएं फैलती हैं, बल्कि महत्वपूर्ण सरकारी संस्थाओं की साख और कार्यप्रणाली पर भी बुरा असर पड़ता है। पुलिस ने चेतावनी दी है कि सरकारी अधिकारियों की पहचान और तकनीक का दुरुपयोग करने वालों के खिलाफ बेहद सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
मामले का खुलासा करने के लिए साइबर सेल की टीम ने अपनी जांच तेज कर दी है। पुलिस टीम उस फर्जी इंस्टाग्राम अकाउंट, उससे जुड़े मोबाइल नंबर, ई-मेल आईडी, आईपी एड्रेस (IP Address) और अन्य महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्यों को खंगालने में जुट गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि तकनीकी कड़ियों को जोड़कर बहुत जल्द वीडियो बनाने और उसे सोशल मीडिया पर प्रसारित करने वाले मुख्य साजिशकर्ता को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
