देहरादून
उत्तराखंड वन विकास निगम के 25 साल: CM धामी ने की बड़ी घोषणाएं, ‘हिमकाष्ठ’ एप लॉन्च
CM पुष्कर सिंह धामी ने वन विकास निगम के रजत जयंती समारोह में कुमाऊं में नए कार्यालय और ‘हिमकाष्ठ’ एप की घोषणा की। जानें कैसे इकोलॉजी और इकोनॉमी में बनेगा संतुलन।
देहरादून: मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को उत्तराखंड वन विकास निगम के स्थापना के 25 वर्ष पूर्ण होने पर आयोजित “रजत जयंती समारोह” में शिरकत की। मुख्यमंत्री आवास पर आयोजित इस भव्य कार्यक्रम में उन्होंने निगम की उपलब्धियों को सराहा। इस ऐतिहासिक अवसर पर मुख्यमंत्री ने कुमाऊं मंडल में भी वन विकास निगम का कार्यालय खोलने की महत्वपूर्ण घोषणा की। इससे क्षेत्र में वन प्रबंधन और आर्थिक गतिविधियों को और मजबूती मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के दौरान ‘हिमकाष्ठ’ (Himkasht) मोबाइल एप्लीकेशन का लोकार्पण भी किया। इस एप के जरिए अब लकड़ी की बिक्री और फॉरेस्ट गुड्स की नीलामी ऑनलाइन की जा सकेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कदम ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि आधुनिक ई-नीलामी प्रणाली से पारदर्शिता बढ़ेगी और भ्रष्टाचार पर लगाम लगेगी। साथ ही, उन्होंने मौन पालन को बढ़ावा देने के लिए वन क्षेत्रों में बी-बॉक्स स्थापित करने का प्रस्ताव कैबिनेट में लाने के निर्देश दिए।
इकोलॉजी और इकोनॉमी के बीच संतुलन पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की प्राकृतिक संपदा हमारी अमूल्य धरोहर है। उन्होंने जानकारी दी कि पिछले वर्ष वन विकास निगम ने 167 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ अर्जित किया है। मुख्यमंत्री के अनुसार, यह उपलब्धि साफ नीति और सही नियत का परिणाम है। उन्होंने पर्यटकों और तीर्थयात्रियों से भी अपील की कि वे वन क्षेत्रों और धार्मिक स्थलों पर गंदगी न फैलाएं।
समारोह में वन मंत्री सुबोध उनियाल ने बताया कि पिछले वित्तीय वर्ष में निगम ने कुल 627 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त किया है। कार्यक्रम में उन मेधावी बच्चों को भी सम्मानित किया गया, जिन्होंने बोर्ड परीक्षाओं में 75 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त किए। इस अवसर पर राज्यसभा सांसद नरेश बंसल सहित कई विधायक और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने अंत में दोहराया कि भौतिक विकास और पर्यावरण के बीच संतुलन बनाए रखना ही राज्य सरकार की प्राथमिकता है।
