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पिथौरागढ़ के समाजसेवी कुंवर एन.एस. नेगी ने 52वीं बार रक्तदान कर पेश की मिसाल
समाजसेवी कुंवर एन.एस. नेगी ने पिथौरागढ़ में 52वीं बार स्वैच्छिक रक्तदान कर युवाओं को प्रेरित किया। जानिए रक्तदान पर उनके विचार और समाज की प्रतिक्रिया।
पिथौरागढ़। समाज सेवा की एक अनूठी और प्रेरणादायी मिसाल देखने को मिली है। प्रसिद्ध समाजसेवी कुंवर एन.एस. नेगी ने सोमवार को 52वीं बार स्वैच्छिक रक्तदान कर मानवता का संदेश दिया। उनके इस निस्वार्थ प्रयास की पूरे क्षेत्र में जमकर सराहना हो रही है। इस मौके पर उन्होंने कहा कि रक्तदान किसी जरूरतमंद को नया जीवन देने का सबसे सशक्त माध्यम है।
कुंवर एन.एस. नेगी ने लोगों को प्रेरित करते हुए कहा कि प्रत्येक स्वस्थ व्यक्ति को नियमित रूप से स्वैच्छिक रक्तदान करना चाहिए। समय पर रक्त मिलने से दुर्घटना पीड़ितों और गंभीर मरीजों की जान बचाई जा सकती है। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं से आगे आने का आह्वान किया। उनके अनुसार, रक्तदान से जुड़ी सामाजिक भ्रांतियों को दूर करना बेहद जरूरी है।
उन्होंने आगे कहा कि हमारे द्वारा दान की गई महज एक यूनिट रक्त की बूंदें कई जिंदगियों को नया जीवन दे सकती हैं। स्वैच्छिक रक्तदान से न केवल मरीजों को मदद मिलती है, बल्कि रक्तदाता का स्वास्थ्य भी बेहतर रहता है। युवाओं को इस जीवनरक्षक अभियान में सक्रिय भागीदारी निभानी चाहिए।
नेगी के इस 52वें रक्तदान पर स्थानीय नागरिकों और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने उन्हें बधाई दी है। लोगों का कहना है कि उनका यह कार्य समाज के लिए अत्यंत अनुकरणीय है। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि इस तरह के प्रयासों से क्षेत्र में स्वैच्छिक रक्तदान को लेकर जागरूकता और ज्यादा बढ़ेगी।
